दरभंगा, मार्च 13 -- कुशेश्वरस्थान। कृष्ण का जन्म परमात्मा के अवतार में महत्वपूर्ण घटना है, जो हमें प्रेम और दिव्यता की अनुभूति प्रदान करता है। ये बातें हरौली रामजानकी मंदिर परिसर में आयोजित साप्ताहिक श्रीमदभागवत कथा ज्ञान महायज्ञ में कथावाचक रामानुजाचार्य स्वामी विश्वेशप्रपन्नाचार्य जी महाराज ने कही। उन्होंने कहा कि आजकल के युवा अपने धर्म, भगवान और संस्कार को नहीं मानते हैं। लेकिन अगर अपने धर्म, भगवान और संस्कार को जानना चाहते हो तो इसके लिए पहले गीता, रामायण और भागवत को पढ़ना चाहिए, तभी हम और हमारी आने वाली पीढ़ी संस्कारी होगी। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन किया। कथा के बीच-बीच में प्रस्तुत मधुर भजनों पर भक्तों ने खूब आनंद उठाया। कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में लोग जुट रहे हैं।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस क...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.