सोनभद्र, अप्रैल 9 -- ओबरा, हिंदुस्तान संवाद। स्थानीय बिजली परियोजना से जुड़े ठेका मजदूरों का वेतन भुगतान प्रकरण पिछले चार महीनों से लंबित होने के कारण मजदूरों के समक्ष आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है। इस संबंध में मजदूरों के माध्यम से इसकी शिकायत उप श्रमायुक्त, पिपरी से की गई थी जो अभी विचाराधीन है। मजदूरों ने आरोप लगाया गया है कि मयंक इंजीनियरिंग प्राइवेट लिमिटेड के माध्यम से चार माह की मजदूरी बकाया है, जिसका उक्त कंपनी के माध्यम से भुगतान नहीं किया जा रहा है। प्रतिदिन लगभग 12 घंटे कार्य करने के बावजूद न केवल वेतन से वंचित रखा गया, बल्कि उनके वेतन से नियमित रूप से भविष्य निधि पीएफ की कटौती भी की गई, लेकिन उन्हें न तो पीएफ पहचान संख्या उपलब्ध कराई गई और न ही जमा राशि का कोई विवरण ही दिया गया। इस संबंध में श्रमिकों ने कई बार विभागीय स्तर पर ...