देहरादून, जून 14 -- श्री श्याम सुंदर मन्दिर पटेल नगर के 43 वें वार्षिक उत्सव के दूसरे दिन कथा व्यास डॉ. कमल किशोर ने श्री राम कथा में भगवान शिव का प्रसंग सुनाते हुए कहा शिव विश्वास और पार्वती श्रद्धा के प्रतीक हैं। बिना श्रद्धा और विश्वास के भगवान को प्राप्त नहीं किया जा सकता। गंगोत्री धाम के डॉ. कमल किशोर ने कहा कि भगवान के प्रति शंका करने वाले का विनाश निश्चित है। उन्होंने कहा वनवास के समय राम के वियोग करने पर सती को राम के भगवान होने का संशय हो गया था। भगवान शंकर के मना करने के बावजूद सती सीता रूप धारण कर राम के सामने आई और राम ने उसको पहचान कर माता संबोधित किया। इस से व्यथित शंकर ने उसे पत्नी की बजाय माता का भाव रखा। उन्होंने कहा रावण, हिरण्यकश्यप, जयंत इत्यादि के भगवान पर संशय पर उनका विनाश ही हुआ। भगवान को दक्षता अर्थात चतुराई से नह...