बलिया, जून 10 -- बलिया। दीवानी न्यायालय के एडीआर भवन में बुधवार को शिक्षा का अधिकार विषय पर विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन हुआ। इस दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव (पूर्णकालिक) चन्द्र प्रकाश तिवारी ने बताया कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) भारत की संसद द्वारा चार अगस्त 2009 को पारित किया गया था, जो एब अप्रैल 2010 से पूरे देश में लागू है। भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21ए के तहत छह से 14 वर्ष की आयु के सभी बच्चों के लिए निःशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा को मौलिक अधिकार का दर्जा प्रदान किया गया है। उन्होंने बताया कि आरटीई अधिनियम का उद्देश्य प्रत्येक बच्चे को प्राथमिक शिक्षा उपलब्ध कराना है। अधिनियम की धारा 12(1)(सी) के अनुसार गैर-अल्पसंख्यक निजी गैर-सहायता प्राप्त विद्यालयों में आर्थिक रूप से कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों के लिए प्रवेश स...