नई दिल्ली, अक्टूबर 9 -- दिल्ली के शास्त्री भवन से 'केंद्रीय सचिवालय पुस्तकालय' को हटाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस पुस्तकालय की स्थापना सन् 1891 में कोलकाता में 'इम्पीरियल सेक्रेटेरियट लाइब्रेरी' के रूप में हुई थी और साल 1969 से यह पुस्तकालय शास्त्री भवन में स्थित रहा है। अब जब 'सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट' के तहत शास्त्री भवन को तोड़ा जाना है, तो इसे खाली करने के निर्देश दिए गए। इसमें करीब 8.5 लाख से अधिक किताबें, 1,700 से ज्यादा दुर्लभ पुस्तकें और 1,702 तक के सरकारी गजट और ऐतिहासिक रिकॉर्ड मौजूद हैं। सरकार द्वारा दी गई वैकल्पिक जगह (जैसे कर्तव्य भवन-2 में छोटे कमरे) को प्रशासन और संस्कृति मंत्रालय ने इस विशाल संग्रह के लिए अपर्याप्त बताया है। मीडिया रिपोर्टों और चिंताओं को देखते हुए सर्वोच्च न्यायालय के जस्टिस संजय कुमार और संजीव सचदेव...