नई दिल्ली, अक्टूबर 27 -- सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के उस आदेश को बरकरार रखा, जिसमें सोम डिस्टिलरीज प्राइवेट लिमिटेड के शराब लाइसेंस को नवीनीकरण करने को कहा गया था। मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) सूर्यकांत, और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची तथा न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने हाईकोर्ट की कुछ बातों को खारिज कर दिया। इनमें एडवोकेट जनरल कार्यालय के खिलाफ की गई टिप्पणी, कंपनी को राज्य से नुकसान की भरपाई (डैमेज) मांगने की अनुमति देने वाला आदेश और राज्य पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाने का फैसला शामिल है। पीठ ने कहा कि हम इस बात से संतुष्ट हैं कि इस मामले के विशेष तथ्यों और परिस्थितियों को देखते हुए, हाईकोर्ट द्वारा प्रतिवादी नंबर एक के लाइसेंस को रिन्यू करने के लिए दिए गए निर्देश में किसी हस्तक्षेप की जरूरत नहीं है। मध्य प्रदेश आबक...