नई दिल्ली, जून 22 -- Mangal Rashi Parivartan Mithun Rashi Mein: वैदिक ज्योतिष शास्त्र में मंगल को ऊर्जा, साहस और पराक्रम का कारक माना जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, मंगल गोचर से बौद्धिक क्षमता, निर्णय लेने की क्षमता और वाणी प्रभावित होती हैं। इस समय मिथुन वृषभ राशि में विराजमान हैं। 2 अगस्त 2026 को मंगल मिथुन राशि में गोचर करेंगे। मिथुन राशि के स्वामी ग्रहों के राजकुमार बुध हैं। मंगल और बुध के बीच शत्रुता का भाव है। ज्योतिषाचार्य नरेंद्र उपाध्याय के अनुसार, मंगल का अपनी शत्रु राशि मिथुन में गोचर अत्यंत प्रभावशाली सिद्ध होगा। इसका प्रभाव देश-दुनिया के साथ सभी 12 राशियों पर पड़ेगा। आइए जानते हैं मंगल का मिथुन गोचर किन राशियों के लिए अच्छा रहेगा, किन पर पड़ेगा प्रतिकूल प्रभाव।मंगल गोचर का जनमानस पर प्रभाव: पंडित उपाध्याय के अनुसार, बुध ...