अयोध्या, जनवरी 15 -- अयोध्या। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में आयोजित व्याख्यान के दौरान जिला चिकित्सालय के माइंड- मेंटर डा. आलोक मनदर्शन ने बताया कि पूरी दुनिया में प्रतिवर्ष 7.4 लाख आत्महत्या यानि हर 40 सेकंड में एक तथा 15 से 29 आयु वर्ग में मौत का तीसरा सबसे बड़ा कारक है। देश में प्रतिवर्ष 1.72 लाख आत्महत्या में छात्र अनुपात प्रति घंटे एक का है। आवेग, अपराध बोध, हताशा, अकादमिक व कैरियर स्ट्रेस, पैरेंटल प्रेशर, लवलाइफ कांफ्लिक्ट, सेक्सुअल एब्यूज, जुआ व नशा, डिप्रेशन, मूड-डिसऑर्डर, सिजोफ्रेनिया आदि युवा आत्मघात के मुख्य कारक पहलू है। मौके पर शिक्षक व विद्यार्थियों की उपस्थिति रही। -

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