आरा, अप्रैल 20 -- आरा। अक्षय तृतीया और भगवान श्रीपरशुराम के प्राकट्योत्सव पर श्रीसनातन शक्तिपीठ संस्थानम् द्वारा कार्यक्रम आयोजित किया गया। मौके पर भगवान शालग्राम, नर्मदेश्वर, श्रीहनुमान, तुलसी आदि का षोडशोपचार से पूजन किया गया। अध्यक्षता करते हुए श्रीमत्सनातनशक्तिपीठाध्यक्ष आचार्य डॉ भारतभूषण पांडेय ने कहा कि संसार के शिक्षण और रक्षण के लिए भगवान ने विविध अवतार धारण किए हैं। इस क्रम में तीन बार राम बनकर आए। इसमें पहले राम भार्गव परशुराम, दूसरे राम रघुवंशी श्रीराम और तीसरे राम यदुवंशी बलराम कहलाते हैं। जब वेद और वैदिक धर्म के घोर विरोधी राजा पृथ्वी पर मनमाने आचरण करने लगे और सभी प्राणियों के हित और उत्कर्ष के मार्ग का हनन करने लगे तब भगवान ने आवेशावतार लेकर परशुराम के रूप में आए। यह भी पढ़ें- भारतीय ज्योतिष कर्मकांड महासभा ने भगवान परशुरा...
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