शामली, सितम्बर 25 -- शामली। शहर के आर्य समाज मंदिर में श्रावणी पर्व के उपलक्ष्य में चल रहे वेद प्रचार सप्ताह के पांचवें दिन जयपुर से आए अंतरराष्ट्रीय वैदिक विद्वान सच्चिदानंद महाराज ने जीवात्मा, स्थूल-सूक्ष्म शरीर और परमात्मा के स्वरूप पर विस्तार से प्रकाश डाला। प्रवचन में उन्होंने बताया कि स्थूल शरीर पांच प्रकार का होता है, जबकि सूक्ष्म शरीर 17 तत्वों से मिलकर बना है। जीवात्मा को मुक्ति प्राप्त होने तक सूक्ष्म शरीर उसके साथ रहता है। उन्होंने कहा कि आत्मा और शरीर के अंतर को समझना आध्यात्मिक ज्ञान की महत्वपूर्ण कड़ी है। परमात्मा के स्वरूप की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि परमात्मा निराकार है और समस्त सृष्टि का निर्माण करने वाले परमात्मा को मनुष्य भौतिक स्वरूप तक सीमित नहीं कर सकता। यह भी पढ़ें- Shamli News: परमात्मा की भक्ति से बढ़ता है आत्म...