झांसी, जुलाई 8 -- झांसी। किसान यदि उन्नत तकनीक का प्रयोग करें तो तिल का अधिक उत्पादन कर सकते हैं। किसानों की आय भी बढ़ेगी। केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय ने 110 किसानों को उत्पादन की सामग्री दी। रानी लक्ष्मीबाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, झांसी द्वारा प्रथम पंक्ति प्रदर्शन (एफएलडी) कार्यक्रम के अंतर्गत तिल फसल की उत्पादकता बढ़ाने तथा किसानों की आय में वृद्धि के उद्देश्य से 110 किसानों को कृषि आदान सामग्री मुहैया कराई गई। कार्यक्रम के मध्यम से उतर प्रदेश के झांसी जिले से डिकोली, कोट खैरा, कोट बेहटा एवं मध्य प्रदेश के निवाड़ी जिले से टेहरका, चकरपुर गांवों के किसानों को लाभान्वित किया गया।

कृषि आदान सामग्री प्रत्येक किसान को उन्नत तिल बीज, बेंटोनाइट, नैनो यूरिया, सागरिका, एमओपी (म्यूरेट ऑफ पोटाश), पेंडीमेथालिन, कार्बेन्डाजिम, इमिडाक्लोप्रिड तथ...