चित्रकूट, दिसम्बर 14 -- चित्रकूट, संवाददाता। कोषागार घोटाले में सिर्फ विभागीय प्यादों, पेंशनरों और दलालों की भूमिका नहीं है। इसमें महकमे के जिम्मेदार अधिकारियों की भी मिलीभगत के तथ्य लगातार एसआईटी को छानबीन के दौरान मिल रहे हैं। पेंशनरों से पूछताछ के दौरान एसआईटी को ऐसी जानकारी हासिल भी हुई है। पूर्व में तैनात रहे जिम्मेदारों की मौजूदा समय पर भी आरोपित पेंशनरों से नजदीकियां कहीं न कहीं उनकी मिलीभगत को उजागर कर रही हैं। लगातार सात साल तक 93 पेंशनरों के खातों में कोषागार से एरियद मद में अनियमित भुगतान कर 43 करोड़ 13 लाख रुपये के हुए गबन की छानबीन पुलिस एसआईटी करीब दो माह से कर रही है। एसआईटी ने छानबीन के दौरान जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका होने के तथ्य भी जुटाए है। पिछले सप्ताह एसआईटी ने पूर्व में तैनात रहे सेवानिवृत्त मुख्य कोषाधिकारी कमेल...
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