शामली, अप्रैल 16 -- शामली। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति उत्तर प्रदेश ने गुरूवार को सहारनपुर और शामली में निजीकरण और उत्पीड़न के विरोध में जनजागरण अभियान की शुरुआत की। यह अभियान 15 अप्रैल से 21 मई तक चलेगा और इसके तहत केंद्रीय पदाधिकारियों का 36 दिवसीय प्रांतीय दौरा भी किया जाएगा। संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने बिजली कर्मचारियों, अभियंताओं और संविदा कर्मियों के उत्पीड़न और बिजली व्यवस्था के निजीकरण के खिलाफ जनसमर्थन जुटाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि बिजली वितरण परियोजनाओं के निजीकरण के प्रयास उपभोक्ताओं के हित में नहीं हैं। इसके अलावा, समिति ने 2022 में हुए समझौते का पालन न होने और पिछले आंदोलनों के बाद कर्मचारियों पर किए गए दमनात्मक कार्रवाई को वापस लेने की मांग की। यह भी पढ़ें- निजीकरण के खिलाफ बिजली कर्मियों का जनजागरण अभिय...