विद्यार्थी अपने भीतर आदिवासी उद्यमिता की भावना विकसित करें
लखनऊ, अगस्त 10 -- बीबीएयू में विश्व आदिवासी दिवस पर विशेष व्याख्यान एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम में विवि के कुलपति प्रो.राज कुमार मित्तल ने आदिवासी विद्यार्थियों को शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर परिश्रम एवं उत्कृष्टता के लिए प्रेरित किया। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने भीतर आदिवासी उद्यमिता की भावना विकसित करने का आह्वान किया। ताकि स्वदेशी ज्ञान, कौशल एवं संसाधनों के माध्यम से देश की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में उनका सक्रिय योगदान सुनिश्चित हो सके। प्रो. मित्तल ने बताया कि विश्वविद्यालय आदिवासी समुदाय से जुड़े शोध, अकादमिक अध्ययन एवं ज्ञान परंपराओं को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है।ऑनलाइन जुड़े आदिवासी साहित्यकार एवं साहित्य अकादमी दिल्ली के सदस्य महादेव टोप्पो ने आदिवासी जीवन, संस्कृति एवं परंपराओं से जुड़ी अपनी काव्य रचना का पाठ क...
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