वर्ष 2020-21 में तैनात रहे अफसर-कर्मी जांच के दायरे में
बरेली, जुलाई 16 -- 104 हेक्टेयर रेगिस्तानी जमीन का फर्जी तरीके से 466 लोगों के नाम पट्टा करने की जांच अब तेजी पकड़ रही है। यह पट्टे वर्ष 2020 और वर्ष 2021 में हुए थे। डीएम के सख्त रुख के बाद इन दोनों वर्षों में तैनात रहे राजस्व और चकबंदी कर्मी जांच के दायरे में हैं। आंवला तहसील के बसंतपुर गांव में रेगिस्तान में दर्ज लगभग 104 हेक्टेयर जमीन वर्ष 2020 और वर्ष 2021 में 466 लोगों के नाम पट्टा कर दी गई। वर्ष 2023 में जब गांव में चकबंदी शुरू हुई तो पूरा खेल खुल गया। मामला पकड़ में आने के बाद अभी तक लगभग 87 हेक्टेयर भूमि 453 खातेदारों के नाम से खारिज कर मूल मद रेगिस्तान में अंकित कराई जा चुकी है
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.