नई दिल्ली, अगस्त 3 -- पश्चिम एशिया में बीते 5 महीने से तनाव बना हुआ है। अमेरिका और ईरान के दूसरे के खून के प्यासे बने हुए हैं। बीच बीच में संवाद की स्थिति बनती दिखती भी है, लेकिन फिर हमले शुरू होते ही हालात दोबारा बिगड़ जाते हैं। कई हफ्तों से यही पैटर्न रिपीट हो रहा है। अब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बीते सप्ताह कहा है कि वे एक बात फिर कूटनीतिक रास्ते पर लौटेंगे। हालांकि इस बयान के बाद ही ट्रंप ने कहा है कि वह ईरान पर बहुत बड़ा हमला करने वाले थे और यह हमला द्वितीय विश्व युद्ध के बाद सबसे बड़ा हमला होता। एयर फोर्स वन में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि अमेरिका बहुत बड़े सैन्य हमले पर की सोच रहा था। यह द्वितीय विश्व युद्ध के बाद सबसे बड़ा हमला होता और ईरान के लिए बेहद विनाशकारी साबित होता। उनके इस बयान से ईरान का आगबबूला ह...