नई दिल्ली, मार्च 18 -- मुंबई की एक स्पेशल एनआईए कोर्ट ने भीमा कोरेगांव मामले में आरोपी कवि-एक्टिविस्ट वरवरा राव को उनके गृह राज्य हैदराबाद में हमेशा के लिए बसने की इजाजत देने से मना कर दिया। कोर्ट ने इसकी वजह यह बताई कि उसके पास सुप्रीम कोर्ट द्वारा तय की गई जमानत की शर्तों में बदलाव करने का अधिकार नहीं है। राव (85) ने अपनी एक अर्जी में, अपनी ज्यादा उम्र और पैसों की तंगी के आधार पर एनआईए कोर्ट से अपने होमटाउन में बसने की इजाजत मांगी थी। उनकी अर्जी को स्पेशल एनआईए कोर्ट के जज चकोर बाविस्कर ने सोमवार (16 मार्च) को खारिज कर दिया। इस कार्यकर्ता को 28 अगस्त, 2018 को उनके हैदराबाद वाले घर से गिरफ्तार किया गया था और वह इस मामले में विचाराधीन कैदी हैं।

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