बागेश्वर, दिसम्बर 31 -- वनाग्नि की प्रभावी रोकथाम एवं आगामी फायर सीजन की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे ने संबंधित विभागों की समीक्षा बैठक ली। उन्होंने कहा कि वनाग्नि की घटनाओं की रोकथाम प्रशासन और समाज की साझा जिम्मेदारी है, जिसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। डीएम ने निर्देश दिए कि वनाग्नि गोष्ठियों का रोस्टर जिला पंचायत राज अधिकारी को उपलब्ध कराएं, ताकि इसे ग्राम प्रधानों के माध्यम से व्यापक रूप से प्रचारित किया जा सके। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों की मदद से पिरूल के निस्तारण को सुनिश्चित करने तथा इसके लिए उचित सप्लाई चेन विकसित कर पिरूल के विपणन की संभावनाएं बढ़ाने पर जोर दिया। प्रभागीय वनाधिकारी ने अवगत कराया कि वनाग्नि के चक्र (साइकिल पैटर्न) को देखते हुए आगामी वर्ष में वन अग्नि की घटनाओं की आशंका बनी...