नई दिल्ली, जुलाई 15 -- बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक सुनवाई के दौरान वकील के गुस्से और मामले की कार्यवाही को 'न्यायिक आतंकवाद' कहने पर कड़ी नाराजगी जताई। वकील के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी देते हुए, हाईकोर्ट ने कहा कि उनकी टिप्पणी अनुचित थी और यह न्यायपालिका संस्था पर हमले के बराबर है। जस्टिस अनिल पंसारे और जस्टिस रजनीश व्यास की हाईकोर्ट की नागपुर पीठ ने 13 जुलाई के अपने आदेश में वकील वी. ए. कोठाले को कारण बताओ नोटिस जारी किया। उनसे जवाब मांगा गया कि गलत व्यवहार के लिए उन्हें महाराष्ट्र और गोवा बार काउंसिल के पास क्यों न भेजा जाए। कोर्ट एक महिला की याचिका पर सुनवाई कर रहा था। महिला ने उस स्कूल को निर्देश देने की मांग की थी जहां वह पढ़ाती थी, ताकि उसकी बकाया सैलरी, पीएफ और रिटायरमेंट की तारीख से देय ग्रेच्युटी का भुगतान किया जा सके। याचिका में संबं...