नई दिल्ली, फरवरी 1 -- प्रभात कुमार नई दिल्ली। भले ही आम बजट में विधि एवं न्याय मंत्रालय के आम बजट 2016-27 में कटौती की गई है लेकिन केंद्र सरकार ने जरूरतमंद लोगों को निशुल्क कानूनी सहायता देने के लिए अपनी प्रतिबद्धता को जाहिर किया है। केंद्र सरकार ने आम बजट में कानून मंत्रालय द्वारा लोगों को निशुल्क कानूनी सहायता देने के लिए बजट में पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में 100 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी की है। बजट में, इस बार कानून मंत्रालय के लिए 4509.06 करोड़ रुयपे आवंटित करने का प्रावधान किया है जो कि 2025-26 की तुलना में 489 करोड़ रुपये कम है। कानून मंत्रालय के बजट में लगातार कमी आ रही है। वर्ष 2024-25 में सरकार ने बजट में कानून मंत्रालय को 7189.58 करोड़ रुपये के आवंटन का प्रावधान किया था और 2025-26 में 4998.24 रुपये का प्रावधान किया है। इसी तरह अब...