नई दिल्ली, मार्च 31 -- सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जस्टिस ए एस ओका ने सोमवार को न्यायपालिका को लेकर बड़ा बयान दिया है। एक कार्यक्रम में इस पर चिंता जाहिर करते हुए जस्टिस ओका ने कहा कि भारतीय न्यायपालिका नागरिकों की उम्मीदों पर पूरी तरह खरी नहीं उतर पाई है और भरोसा बनाए रखने में फेल हो गई। उन्होंने कहा कि सिस्टम की अपनी तारीफ अक्सर इस बात को नजरअंदाज कर देती है कि आम लोग अदालतों में क्या अनुभव करते हैं। जस्टिस ओका पीपल यूनियन फॉर सिविल लिबर्टी (PUCL) के 45वें जेपी मेमोरियल लेक्चर में बोल रहे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि भारत का संविधान सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय की गारंटी देता है, लेकिन यह वादा तब तक पूरा नहीं होगा जब तक अदालतें गुणवत्तापूर्ण और समय से न्याय नहीं दे पाएंगीं। यह भी पढ़ें- जजों को भी नहीं पता कॉलेजियम की बैठक कहां होती है,...
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