लोकसभा सीटों पर फ्रीज क्यों चाहता है तमिलनाडु? विजय बनाने चले केंद्र पर दबाव
नई दिल्ली, अगस्त 12 -- एक दिन पहले ही तमिलनाडु विधानसभा में मेडिकल एंट्रेंस एग्जाम NEET को रद्द करने वाला विधेयक पेश किया गया। इसके अगले ही दिन मुख्यमंत्री विजय ने परिसीमन और महिला आरक्ष विधेयक पर विधानसभा में प्रस्तावव पेश किया। टीवीके नेता के प्रस्ताव में केंद्र से लोकसभा-राज्यसभा अनुपात को 2.2:1 पर बनाए रखने का आग्रह किया गया है, जिसके लिए सीटों की मौजूदा संख्या 543 पर स्थिर रखी जानी चाहिए। मतलब लोकसभा की सटें बढ़ाई नहीं जानी चाहिए जैसा कि केंद्र सरकार करना चाहती है। प्रस्ताव में मौजूदा 543 लोकसभा सीटों पर महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण तुरंत लागू करने की मांग की गई है। प्रस्ताव में कहा गया है कि तमिलनाडु समेत कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की आबादी की सही गिनती 50 साल से ज्यादा समय से नहीं हुई है। अगली जनगणना 2026 में होनी थी।क्या कह...
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