पटना, अप्रैल 15 -- बिहार में लगभग दो दशक तक नीतीश कुमार के साथ सत्ता में सहयोगी रही भारतीय जनता पार्टी ने पहली बार राज्य में सम्राट चौधरी के रूप में अपना मुख्यमंत्री बनाया। नीतीश ने अपनी समाजवादी विचारधारा, लव-कुश वोटबैंक पर पकड़ और सुशासन बाबू की छवि से जो इबारत लिखी, उसे आगे ले जाने की जिम्मेदारी अब भाजपा के सीएम सम्राट चौधरी पर रहेगी। बीते दो दशक के अंदर बिहार में कई ऐसे नेता आए और गए जिन्हें नीतीश के उत्तराधिकारी के रूप में प्रोजेक्ट किया गया। हालांकि, उनके 'सच्चे उत्तराधिकारी' सम्राट ही बन पाए। इसके लिए सम्राट चौधरी का समाजवादी बैकग्राउंड, सरकार एवं संगठन पर मजबूत पकड़ के साथ ही लव-कुश समीकरण भी काम आया। जब नीतीश कुमार ने राज्यसभा जाने का फैसला लिया तो समृद्धि यात्रा के दौरान घूम-घूमकर अपने डिप्टी सम्राट चौधरी के कंधों पर ही हाथ रखकर...