नई दिल्ली, मई 29 -- ट्विशा शर्मा, दीपिका नागर, निकिता भाटी...किसी की जान फांसी लगाने से की गई तो किसी ने छत से कूदकर छलांग लगा दी। किसी को जिंदा जला दिया गया। मौत के तरीके अलग-अलग थे लेकिन वजह या आरोप एक- दहेज। अब सुप्रीम कोर्ट ने भी दहेज प्रताड़ना को लेकर बहुत बड़ी बात कह दी है। कोर्ट ने कहा, लड़के लड़कियों से शादी ही क्यों करते हैं, अगर उन्हें बाद में दुल्हन और उसके परिवार का अपमान करना होता है? उन्होंने साफ कहा कि अब यह संदेश जाना चाहिए कि दुल्हन और उसके परिवार का ऐसा अपमान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। दरअसल कोर्ट छत्तीसगढ़ के एक मामले की सुनवाई कर रहा था जिसमें महिला ने शादी के तीन साल बाद ही अपने ससुराल में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। जस्टिस बी वी नागरत्ना और जस्टिस उज्ज्वल भुयान की पीठ ने ससुराल वालों के व्यवहार की कड़ी आलोचना करते...