लखनऊ, अप्रैल 11 -- राजधानी में बड़ी आंत के कैंसर (कोलोरेक्टल कैंसर) और पाचन संबंधी बीमारियों को लेकर स्थिति चिंताजनक है। 'लाइफस्टाइल एवं डाइजेस्टिव हेल्थ अवेयरनेस' द्वारा किए गए एक सर्वे में सामने आया है कि लखनऊ के लोग पेट की गंभीर समस्याओं को नजरअंदाज कर रहे हैं और 90 फीसदी लोग खुद ही अपना इलाज कर रहे हैं। ये लोग शुरुआती लक्षणों को लेकर नजरअंदाज कर देते हैं। कई दिनों तक लक्षण रहने पर लोग मेडिकल स्टोर से दवा खाकर परेशानी को दूर करने का प्रयास करते हैं। प्रेस क्लब में शुक्रवार को सर्वे में जुटाए गए तथ्यों की जानकारी साझा की गई। 14 शहरों के 25 से 65 वर्ष आयु वर्ग के 10,198 लोगों को शामिल किया गया। इसमें लखनऊ के 557 लोग शामिल हुए। जिनमें 258 पुरुष और 299 महिलाएं थीं। मर्क स्पेशालिटीज प्राइवेट लिमिटेड की सहायता से लाइफस्टाइल एवं डाइजेस्टिव हे...