महाराजगंज, मार्च 28 -- महराजगंज, हिन्दुस्तान टीम। नीट पीजी में दाखिले के नाम पर शहर के एक निजी अस्पताल के डॉक्टर से 55 लाख रुपये की ठगी के मामले में पुलिस ने केस दर्ज करने के बाद आरोपियों के वित्तीय लेनदेन पर साक्ष्य एकत्र करने के लिए जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने यह पता लगाने की कोशिश करना शुरू कर दी है कि जिस फर्म में धनराशि भेजी गई है, वह फर्म कैसी है? आरोपितों का नेपाल कनेक्शन क्या है? पुलिस आरोपियों के मोबाइल नंबरों की सीडीआर भी खंगालने में जुटी है। जिससे उनके पिछले संपर्कों व लोकेशन का पता चल सके। शहर के एक निजी अस्पताल के डॉ. प्रभात कुमार श्रीवास्तव ने नीट पीजी की परीक्षा दी थी। आरोप है कि इसी दौरान उनकी मुलाकात विक्की त्रिपाठी व विनोद धीमन से हुई थी। इन दोनों ने खुद को लखनऊ गोमतीनगर की एक फर्म का संचालक बताते हुए झांसा दिया कि वे क...