हजारीबाग, जून 16 -- ​चौपारण, प्रतिनिधि। बंजर वनभूमि पर हरियाली लाने और पौधों की सुरक्षा के उद्देश्य से वन विभाग द्वारा कराए जा रहे पिलर निर्माण कार्य में घटिया सामग्री के इस्तेमाल का मामला सामने आया है। इस निर्माण कार्य को लेकर स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने गहरा असंतोष जताते हुए जिला प्रशासन से उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। मिली जानकारी के अनुसार पौधारोपण को सुरक्षित रखने के लिए छह हजार पिलर का निर्माण कराया जा रहा है। इन पिलरों में कटीले तार लगाकर वन क्षेत्र की घेराबंदी की जानी है, ताकि अवैध चराई और अतिक्रमण को रोका जा सके। आरोप है कि उपयोग किए जा रहे बालू, चिप्स, सीमेंट और डस्ट की गुणवत्ता में कमी है। मिक्चर मशीन में मानक के विपरीत घटिया डस्ट का धड़ल्ले से इस्तेमाल किया जा रहा है। इस संदेर्भ मे पूर्व मुखिया संघ अध्यक्ष राजदेव ...