लखनऊ, अप्रैल 23 -- मोबाइल स्क्रीन पर स्क्रॉल होती रील्स और लगातार बजते नोटिफिकेशन अब सिर्फ मनोरंजन का जरिया नहीं रहे, बल्कि सेहत पर चुपचाप वार कर रहे हैं। केजीएमयू के पैरामेडिकल संकाय के डीन डॉ. केके सिंह ने छात्रों को सोशल मीडिया के बढ़ते इस्तेमाल को नई उम्र की छिपी बीमारी बताया। केजीएमयू के कलाम सेंटर में वह गुरुवार को मोबाइल के इस्तेमाल से बढ़ता तनाव व बीमारी विषय पर आयोजित कार्यक्रम में डॉ. केके सिंह ने कहा कि फेसबुक और इंस्टाग्राम पर घंटों बिताने की आदत युवाओं की दिनचर्या ही बदल रही है। सुबह उठते ही मोबाइल और रात को सोने से पहले आखिरी नजर स्क्रीन पर। यह पैटर्न शरीर की प्राकृतिक घड़ी को बिगाड़ रहा है। नतीजतन नींद अधूरी रह जाती है। दिनभर थकान बनी रहती है।उन्होंने कहा कि लगातार स्क्रीन देखने से आंखों में जलन, सूखापन, टेक्स्ट नेक और कमर ...