गंगापार, मई 7 -- उमापुर कला गांव के ग्रामीणों द्वारा रास्ते को लेकर पिछले पांच साल से मांग की जा रही है। ग्रामीणों ने स्थानीय से लेकर दिल्ली तक अपनी फरियाद की। यहां तक कि लोकसभा चुनाव में मतदान का पूर्ण रूप से बहिष्कार भी किया, लेकिन फिलहाल अभी तक केवल आश्वासन ही मिलता रहा। मांडा विकास खंड क्षेत्र के गंगा तट पर बसे उमापुर कला ग्राम पंचायत के लगभग डेढ़ हजार ग्रामीणों को रास्ते के अभाव में काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। उमापुर कला गांव से वैसे तो प्रयागराज मिर्जापुर राजमार्ग मात्र दो सौ मीटर है, लेकिन बीच में दिल्ली हावड़ा रेलमार्ग होने के कारण आवागमन में काफी परेशानी झेलनी पड़ती है। यह भी पढ़ें- रास्ते के लिए उमापुर कला के लोगों ने फिर रोका रेलवे का काम पहले जब यह रेलमार्ग मात्र अप और डाउन था, तब तक ग्रामीण किसी तरह जोखिम उठाकर रेललाइन पार...