अयोध्या, सितम्बर 3 -- अयोध्या के श्रीराम मंदिर में दान चोरी के समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के आरोपों के बाद शुरू हुआ बवंडर सड़क से संसद तक पहुंचा। एसआईटी जांच हुई, चोरी में गिरफ्तारियां हुईं, ट्रस्ट में इस्तीफे हुए। पूरा प्रबंधन सीईओ को सौंपने का फैसला हो गया।ट्रस्ट के शीर्ष पदों पर बदलाव हुआ। 22 जुलाई की बैठक में मंदिर की प्रशासनिक, सुरक्षा और धार्मिक व्यवस्था को नए सिरे से मजबूत करने के फैसले लिए गए। तीन माह में सबकुछ बदल गया। अब अनुशासन के लिए मशहूर भारतीय वायुसेना के पूर्व एयर मार्शल जीतेंद्र मिश्रा के हाथों व्यवस्था आ गई है।4 जून : चोरी हुई नकदी बरामदगी से हलचल चार जून को चढ़ावे की गणना के दौरान संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी सामने आई। एक कर्मचारी के घर से बड़ी मात्रा में नकदी बरामद होने की बात सामने आई। पांच जून को एक वीडि...