नई दिल्ली, सितम्बर 25 -- अयोध्या राममंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण में दाखिल करीब 74 हजार पेज की चार्जशीट को अदालत में आरोपों को साबित करने की पुलिस की पूरी कड़ी बननी है। चंपत राय, अनिल मिश्र समेत करीब 133 गवाहों के बयान, सीसीटीवी फुटेज, आरोपियों से बरामद चढ़ावे की रकम व अन्य सामान, वाहनों की बरामदगी, कॉल डिटेल और वित्तीय लेनदेन से जुड़े दस्तावेजों को पुलिस ने विवेचना का हिस्सा बनाया है। ये सभी सजा के आधार बन सकते हैं। अब अदालत में इन्हीं साक्ष्यों की विश्वसनीयता और एक-दूसरे से जुड़ाव यह तय करने में अहम होगा कि आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोप किस हद तक साबित होते हैं। अदालत में अभियोजन को यह साबित करना होता है कि घटना हुई, उसमें संबंधित आरोपी की भूमिका क्या थी और पुलिस ने जिस साक्ष्य के आधार पर उसे आरोपी बनाया है, वह कानून की कसौटी पर कितना टिकता है।...