रामपुर, फरवरी 5 -- रामपुर। बदायूं जिले के उझानी कोतवाली परिसर में पांच साल पहले हुए गोलीकांड में सिपाही और दरोगा के घायल होने के मामले में तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक व रामपुर शहर कोतवाल ओंकार सिंह समेत तीन पुलिस कर्मियों के खिलाफ साक्ष्य न मिलने पर केस में फाइनल रिपोर्ट लगा दी है। कोतवाली में तैनात सिपाही ललित कुमार की पत्नी ने केस दर्ज कराया था। जिसमें आरोप लगाया था कि दरोगा रामऔतार सिंह उससे अश्लील कमेंट और गंदे इशारे किया करते थे। सिपाही ने इसकी शिकायत दरोगा से की थी। कहासुनी के दौरान दरोगा ने उनके पति को देख लेने की धमकी दी थी। आरोप था कि उच्च अधिकारियों से मिलने जाने की अनुमति मांगने पर तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक ओंकार सिंह से कहासुनी हो गई थी। जिसके बाद दरोगा और एक अन्य अज्ञात आरोपी ने सिपाही ललित की रायफल छीन ली थी। आरोप लगाया था कि ...
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