रांची, अगस्त 5 -- झारखंड हाईकोर्ट ने पतरातू-रामगढ़ फोरलेन सड़क परियोजना के लिए अधिग्रहित जमीन के मुआवजे को लेकर महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए प्रभावित रैयतों को बड़ी राहत दी है। जस्टिस अनुभा रावत चौधरी की अदालत ने रैयतों की ओर से दायर प्रथम अपीलों पर सुनवाई करते हुए निर्णय दिया। अदालत ने हजारीबाग के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह भूमि अधिग्रहण पुनर्वास प्राधिकरण के फैसले में संशोधन करते हुए मुआवजा एक करोड़ रुपये से बढ़ाकर 2.63 करोड़ रुपये प्रति एकड़ कर दिया। अदालत ने कहा कि निचली अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और बिक्री विलेखों का समुचित मूल्यांकन नहीं किया था। यह मामला रामगढ़ जिले के पोचरा मौजा की उन जमीनों से जुड़ा है, जिन्हें 2018-19 में पतरातू डैम से रामगढ़ तक फोरलेन सड़क निर्माण और चौड़ीकरण के लिए अधिग्रहित किया गया था।पहले तय हुआ था 88 ...