रांची, मार्च 30 -- रांची, हिन्दुस्तान ब्यूरो। झारखंड के 223 वित्तरहित संस्थानों के अनुदान काटे जाने के विरोध में राज्य के 1250 वित्तरहित संस्थानों में सोमवार को शैक्षणिक हड़ताल रही। स्कूल-कॉलेज बंद रहे और पठन-पाठन नहीं हुआ। शिक्षक और कर्मचारियों ने संस्थान के गेट पर धरना-प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। शैक्षणिक हड़ताल से मैट्रिक-इंटर परीक्षा के मूल्यांकन केंद्रों को अलग रखा गया। शैक्षणिक हड़ताल में आठ हजार शिक्षक-कर्मचारी शामिल हुए। वित्तरहित शिक्षा संयुक्त संघर्ष मोर्चा ने स्पष्ट किया है कि शिक्षक कर्मचारी उपवास पर रहकर स्कूल कॉलेज के गेट पर बैठे रहे और सरकार विरोधी नारे लगा रहे थे। शिक्षकों का कहना है कि एक साजिश के तहत 25-30 वर्षों से चल रहे इन संस्थाओं को बंद करने का साजिश की जा रही है। वेतन तो मिल नहीं रहा है, अनुदान ही एक सहारा था, उस...