नई दिल्ली, अक्टूबर 24 -- ​प्रयागराज, विधि संवाददाता। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता 2006 की धारा 101 के प्रोवाइजो की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली जनहित याचिका पर राज्य सरकार और महाधिवक्ता को नोटिस जारी कर तीन सप्ताह में जवाब मांगा है। साथ ही स्पष्ट किया है कि प्रदेश में सार्वजनिक प्रकृति की जमीनों का यदि कोई भी विनिमय एक्सचेंज होता है, तो वह इस याचिका के अंतिम निर्णय के अधीन रहेगा। ​यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा एवं न्यायमूर्ति विवेक सरन की खंडपीठ ने चंद्र शेखर अग्निहोत्री की जनहित याचिका पर वरिष्ठ अधिवक्ता आलोक यादव को सुनकर दिया है। सीनियर एडवोकेट आलोक यादव ने कोर्ट को बताया कि यूपी राजस्व संहिता की धारा 77 के तहत सार्वजनिक उपयोगिता वाली जमीनों (जैसे चारागाह, खलिहान, पोखर आदि) को संरक्षण प्राप्त है, जिससे ग...