जयपुर, जुलाई 2 -- राजस्थान के फलोदी जिले के फतेहगढ़ गांव में एक कृषि फार्म पर एक ही परिवार के चार लोगों की मौत का मामला अब धीरे-धीरे खुल रहा है। पुलिस की शुरुआती जांच में जो तस्वीर सामने आई है, वह सिर्फ एक आपराधिक घटना नहीं, बल्कि अंधविश्वास, मानसिक बीमारी और लगातार बढ़ते मानसिक तनाव की दर्दनाक कहानी भी है। एक ऐसा परिवार, जो कुछ दिन पहले तक सामान्य जिंदगी जी रहा था, अब पूरी तरह खत्म हो चुका है। मृतक गेनाराम (35) मूल रूप से पाली जिले के रोहट क्षेत्र के बिठू गांव का रहने वाला था। वह पिछले करीब चार साल से फतेहगढ़ क्षेत्र के एक कृषि फार्म पर मजदूरी और खेती का काम करता था। उसके साथ पत्नी पुष्पा (32), 13 वर्षीय बेटी खुशबू और 10 वर्षीय बेटा किशन भी वहीं रहते थे। 30 जून की सुबह जब खेत पर बने मकान का दरवाजा नहीं खुला तो लोगों को अनहोनी का अंदेशा ह...