नई दिल्ली, दिसम्बर 31 -- नई दिल्ली, प्रमुख संवाददाता। उत्तर भारत के बेहद लोकप्रिय शास्त्रीय नृत्य कथक पर आधारिक कैलेंडर को राजधानी के कथक केंद्र में बुधवार को विमोचन किया गया। कथक केंद्र की स्थापना 1964 में की गई थी। रागगीरी संस्था ने इस कैलेंडर को प्रभा खेतान फाउंडेशन के सहयोग से तैयार किया है। पद्मश्री से सम्मानित कथक नृत्यांगना नलिनी अस्थाना, गौरी दिवाकर, कथक केंद्र की निदेशक वाई थेबा देवी और रागगीरी संस्था से पल्लवी सिंह ने कथक सीख रहे छात्रों के साथ कैलेंडर का विमोचन किया। भारत के अलग-अलग राज्यों से कथक सीखने वाले बच्चों ने भी इस विमोचन कार्यक्रम में हिस्सा लिया। कैलेंडर को बनारस के जाने-माने कलाकार मनीष खत्री ने डिजाइन किया है। ये रागगीरी के कैलेंडर के प्रकाशन का लगातार 11वां साल है। संस्था ने कथक छात्रों में इस कैलेंडर का वितरण भी ...