बांका, मार्च 22 -- रजौन(बांका), निज संवाददाता। प्रखंड मुख्यालय का एक मात्र सरकारी स्टेडियम घेराबंदी व रख-रखाव नहीं होने की वजह से खिलाड़ियों के लिए उपयोगी कम मवेशियों के लिए चारागाह ज्यादा बनकर रह गया है। इस स्टेडियम में मिट्टी भराई नहीं होने से खिलाड़ियों को भी खेलने में कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है। करीब 54 लाख की राशि से निर्मित इस स्टेडियम का रख-रखाव नहीं होने से इसका भवन भी अपनी दुर्दशा की कहानी कहने लगी है। स्टेडियम का गेट सहित दर्शकों के बैठने के लिए बना सीढीनुमा दर्शक दीर्घा टूटने लगा है।कमरे के ऊपर का एस्बेस्टस उड़ चुका है। स्टेडियम का लोहे का गेट भी गायब हो गया है। स्टेडियम परिसर खेल का केन्द्र होने के बजाय माल मवेशी के चारागाह का केन्द्र बन गया है। वहीं सीढियों पर जलावन,गोईठा व फसल का बोझा रखने के उपयोग में लाया जा रहा है...