मुजफ्फरपुर, जनवरी 23 -- मुजफ्फरपुर। गरीब परिवार के बच्चों को निजी स्कूल में नि:शुल्क शिक्षा दिलाने के लिए सरकार की ओर से शिक्षा के अधिकार (आरटीई) योजना लागू है। इसके तहत निजी स्कूलों को प्राथमिक कक्षा में 25 फीसदी सीट पर आर्थिक रूप से पिछड़े बच्चों का नामांकन लेना है। निजी स्कूल का कहना है कि हर वर्ष 25% सीटों पर इन छात्रों को मुफ्त शिक्षा देना आर्थिक बोझ बनता जा रहा है। इसका कारण है इसके लिए मिलने वाली प्रतिपूर्ति राशि के भुगतान की जटिलता और जिलास्तर पर अधिकारी-कर्मियों की मनमानी। स्कूल प्रबंधन ने अपनी पीड़ा साझा करते हुए मांग की है कि अगर योजना में कुछ बदलाव कर दिए जाएं तो स्कूल आरटीई के पालन से पीछे नहीं हटेंगे। जी स्कूलों की प्राथमिक कक्षा में 25 फीसदी सीट पर शिक्षा के अधिकार (आरटीई) के तहत आर्थिक रूप से पिछड़े बच्चों का नामांकन कराने...