भागलपुर, फरवरी 27 -- भागलपुर, वरीय संवाददाता। बसंत के आगमन के साथ ही क्षेत्र में सहजन के पेड़ सफेद फूलों से लद गए हैं। गांवों और शहरों के आसपास खिले ये फूल न सिर्फ वातावरण को आकर्षक बना रहे हैं, बल्कि बेहतर स्वास्थ्य का संदेश भी दे रहे हैं। अब इन फूलों के बाद पेड़ों पर जल्द ही फलियां (ड्रमस्टिक) आने की तैयारी है, जिन्हें पोषण का खजाना माना जाता है। प्राकृतिक औषधीय गुणों से भरपूर सहजन अब लोगों की थाली और स्वास्थ्य दोनों को समृद्ध करने को तैयार है। बाजार में इसकी फलियां बिकने लगी हैं। लेकिन इसकी कीमत भागलपुर के बाजारों में 150 से 200 रुपये किलो है। होली के समय बाजारों में स्थानीय सहजन की भरमार होगी। यतींद्र नारायण अष्टांग राजकीय आयुर्वेदिक महाविद्यालय की सीनियर मेडिकल ऑफिसर डॉ. रूबी हेंब्रम ने बताया कि सहजन के फूल, पत्ते, जड़, छाल और फलियां...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.