बगहा, जून 14 -- बेतिया, एक संवाददाता। बेतिया, एक संवाददाता। बिना किसी स्वार्थ के रक्त दान कर किसी दूसरे की जिंदगी बचाना ही महारक्तदान होता है। महारक्तदान का मकसद लोगों की सेवा है। असल जिंदगी खुद का जीना नहीं होता है, बल्कि खुद को स्वस्थ रखते हुए जरूरतमंद की मदद करना होतो है। विकट परिस्थिति में मौत से जूझ रहे लोगों को रक्त उपलब्ध कराने से बड़ी कोई मदद नहीं हो सकती है। उक्त बातें चित्रगुप्त मंदिर के अध्यक्ष पुन्नू शरण श्रीवास्तव ने रविवार को रक्दान शिविर में कही। यह भी पढ़ें- विश्व रक्तदाता दिवस पर सम्मान समारोह और शिविररक्तदान शिविर का उद्घाटन इससे पूर्व उन्होंने शिवाकांत प्रसाद के साथ संयुक्त रूप से फीता काट कर रक्तदान शिविर का उद्घाटन किया। रविवार को सिन्हा मल्टी सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल एन्ड लेप्रोस्कोपिक सेंटर की ओर से चित्रगुप्त मंदि...