कोलकाता, अक्टूबर 9 -- तृणमूल कांग्रेस (TMC) से अलग होकर नेशनलिस्ट सिटिजन्स पार्टी ऑफ इंडिया (NCPI) के साथ गठबंधन करने वाले 20 बागी सांसदों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की ओर से जारी अयोग्यता नोटिस का जवाब देने की दो सप्ताह की समयसीमा गुरुवार को समाप्त हो गई। अब इन सांसदों ने जवाब दाखिल करने के लिए दो सप्ताह का और समय मांगा है। इस बीच, कोलकाता में बागी सांसदों की एक बैठक हुई, लेकिन इसमें 20 में से केवल 10 सांसद ही शामिल हुए। बैठक में आगे की कानूनी और राजनीतिक रणनीति पर चर्चा की गई। हालांकि, बैठक में शामिल सांसदों ने 10 सदस्यों की गैरमौजूदगी को लेकर किसी तरह के मतभेद की अटकलों को खारिज किया। लेकिन सवाल उठ रहे हैं कि क्या बागी सांसदों में ही बगावत हो गई। जो सांसद शामिल नहीं हुए उनमें सायोनी घोष से लेकर यूसुफ पठान जैसे न...