नई दिल्ली, अक्टूबर 30 -- लखनऊ, प्रमुख संवाददाता। यूपी में फर्जी शिक्षकों की अब खैर नहीं। परिषदीय व एडेड स्कूलों के साढ़े तीन लाख शिक्षकों की अर्हता की जांच शुरू कर दी गई है। सभी शिक्षकों के नियुक्ति पत्र व समस्त शैक्षिक दस्तावेजों की जांच की जाएगी। फर्जी व अनियमित ढंग से भर्ती शिक्षकों की रिपोर्ट एसटीएफ को सौंपी जाएगी। शिक्षकों को इस बात का शपथ पत्र देना होगा कि उनका कोई सगा-संबंधी शिक्षा विभाग में अधिकारी है या नहीं। हाईकोर्ट के आदेश पर यह जांच कराई जा रही है। बेसिक शिक्षा निदेशक अनिल भूषण चतुर्वेदी की ओर से सभी जिलों के मंडलीय सहायक शिक्षा निदेशकों (एडी) व बेसिक शिक्षा अधिकारियों (बीएसए) को निर्देश दिए गए हैं कि वह शिक्षकों की अर्हता की जांच करें। जिसके लिए वह उनके नियुक्ति पत्र के साथ ही शैक्षिक दस्तावेजों में हाईस्कूल, इंटरमीडिएट, स्न...