यूपी के विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में अब इस तरह दिए जाएंगे छात्रों को नंबर, मूल्यांकन व्यवस्था बदली
नई दिल्ली, जून 19 -- यूपी विश्वविद्यालय व डिग्री कॉलेजों में सिर्फ मिड टर्म परीक्षा से सतत आंतरिक मूल्यांकन नहीं होगा। पूरे शैक्षिक सत्र में कोर्स के साथ ही सतत आंतरिक मूल्यांकन भी चलेगा। शिक्षकों को हर महीने विद्यार्थियों का सर्वांगीण आंकलन करना होगा। अभी ज्यादातर उच्च शिक्षण संस्थान छह महीने के सेमेस्टर में तीन-तीन महीने में मिड टर्म परीक्षाएं आयोजित कर आंतरिक मूल्यांकन कर छात्रों को अंक दे रहे हैं। सतत मूल्यांकन की प्रक्रिया लगातार की जानी है, जिससे विद्यार्थियों की कक्षाओं में उपस्थिति अनिवार्य हो सके। अभी मिड टर्म परीक्षा के 15 अंक और बाकी इंटरव्यू व प्रोजेक्ट के 15 अंक देकर सतत मूल्यांकन की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। बाकी 70 अंक की सेमेस्टर परीक्षा होती है और कुल 100 अंकों में हर विषय में मूल्यांकन किया जाता है। कई उच्च शिक्षण संस...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.