लखनऊ, फरवरी 25 -- उत्तर प्रदेश स्टेट लोड डिस्पैच सेंटर (यूपीएसएलडीसी) के वार्षिक राजस्व आवश्यकता प्रस्ताव (एआरआर) पर सुनवाई के साथ ही बुधवार को बिजली की नई दरें तय करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। नियामक आयोग सभागार में हुई सुनवाई में बिजली की कम मांग बताकर उत्पादन इकाइयों को बंद किए जाने का मुद्दा उठा। 27 फरवरी को अयोध्या के मंडलायुक्त सभागार में पावर ट्रांसमिशन की सुनवाई होगी। पहली मर्तबा ट्रांसमिशन कॉरपोरेशन के एआरआर की सुनवाई किसी अन्य जिले में होगी। नियामक आयोग सभागार में बुधवार को अध्यक्ष अरविंद कुमार और सदस्य संजय कुमार सिंह की उपस्थिति में सुनवाई शुरू हुई। प्रक्रिया शुरू होते ही सुनवाई के ऐन पहले तक याचिका सार्वजनिक न किए जाने का सवाल उठा। इसके बाद प्रदेश में रोस्टर व्यवस्था लागू रहने के लिए उत्पादन इकाइयों को बंद किए जाने की बात ...