शामली, सितम्बर 25 -- थानाभवन। यूपीआई ने नकदी और छुट्टे की समस्या से राहत देकर कारोबार को आसान बनाया है। छोटे दुकानदारों से लेकर बड़े व्यापारियों तक डिजिटल भुगतान तेजी से बढ़ा है। ऐसे में दो हजार रुपये से अधिक के यूपीआई लेनदेन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (एमडीआर) लगाए जाने की संभावित व्यवस्था की चर्चा से व्यापारियों की चिंता बढ़ गई है। व्यापारियों का कहना है कि कैशलेस भुगतान को लेकर लोगों में जागरूकता बढ़ी है। जिससे चोरी आदि की घटनाओं पर अंकुश लगा है। किराना, कपड़ा, इलेक्ट्रॉनिक्स, सर्राफा सहित कई कारोबारों में दो हजार रुपये से अधिक के भुगतान सामान्य हैं। यदि इन पर शुल्क लगाया गया तो कारोबार की लागत बढ़ेगी और इसका असर छोटे व मध्यम व्यापारियों पर अधिक पड़ सकता है। व्यापारियों ने डिजिटल भुगतान को कम लागत वाला बनाए रखने की मांग की है। व्यापारी द...