नई दिल्ली, मार्च 7 -- मिडिल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच जारी संघर्ष अब भारत के समुद्री पड़ोस तक पहुंच गया है। श्रीलंका के तट के पास एक अमेरिकी पनडुब्बी द्वारा ईरानी युद्धपोत को डुबोए जाने के ठीक दो दिन बाद, भारत ने ईरान के एक दूसरे युद्धपोत 'आईरिस लावन' को कोच्चि बंदरगाह पर रुकने की अनुमति दे दी है। इस कदम को भारत द्वारा अमेरिका और ईरान के बीच एक बेहद जटिल बैलेंसिंग एक्ट के रूप में देखा जा रहा है। तनाव की शुरुआत बुधवार को हुई, जब श्रीलंका के तट से लगभग 19 समुद्री मील दूर एक अमेरिकी पनडुब्बी ने ईरानी फ्रिगेट आईरिस डेना पर टॉरपीडो से हमला कर उसे डुबो दिया। इस भीषण हमले में 87 ईरानी नाविकों की मौत हो गई। इस घटना ने पूरे हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर चिंता पैदा कर दी है, क्योंकि यह पहली बार है जब अमेरिका-ईरान संघर्ष भारत के इतन...
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