नई दिल्ली, दिसम्बर 7 -- सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ यहां तीसरे और अंतिम वनडे मैच में संयम और आक्रमण की नई मिसाल पेश करके भारत की वनडे टीम के तरकश में एक और तीर जोड़ दिया। जायसवाल ने पहले ओवर में ही मार्को यानसन की ऑफ स्टंप के बाहर की गेंद को छोड़कर दिखाया कि वह किसी तरह का बेमतलब का जोखिम उठाना नहीं चाह रहे हैं। जायसवाल ने इस गेंद पर कट करने की कोशिश नहीं की और उसे क्विंटन डिकॉक के पास जाने दिया। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ तीसरे वनडे में यह एक महत्वपूर्ण क्षण था, जिसमें भारत ने नौ विकेट से जीत हासिल की। यह जायसवाल की बदली हुई मानसिकता का पहला संकेत था। उन्होंने स्पष्ट संकेत दिया कि वह अपने आक्रामक तेवरों पर लगाम लगाए रखेंगे मुख्य सलामी बल्लेबाज तथा टीम के नियमित कप्तान शुभमन गिल के चोटिल होने के कारण उन्हें जो मौका...