देहरादून, जनवरी 11 -- नौगांव। जनपद उत्तरकाशी में लंबे समय से बारिश नहीं होने से काश्तकारों और बागवानों के सामने रोजी रोटी का संकट गहरा गया और लोगों में मायूसी है। यमुना घाटी के विकासखण्ड नौगांव, पुरोला, मोरी के काश्तकारों के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह है कि यह क्षेत्र काश्तकारी और बागवानी पर निर्भर है, जिससे बारिश और बर्फबारी नहीं होने से अब सेब के काश्तकारों को भुखमरी जैसे हालात होने की चिंता सता रही है। काश्तकारों और बागवानों ने यमुना घाटी क्षेत्र सहित समुचे जनपद को सुखाग्रस्त घोषित करने की मांग उठाई है। सेब के अलावा गेहूं, जौ, मसूर, मटर सहित तमाम फसलें बर्बाद हो गई जिससे अब क्षेत्र में काश्तकारों पर इसका प्रतिकुल प्रभाव पड़ रहा है। हिमरोल निवासी कुशल बागवान जगमोहन राणा ने बताया कि सूखे की मार पढ़ने से किसान आने वाले समय के लिए बहुत चिंत...
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