सुनेत्रा चौधरी, नई दिल्ली, मई 23 -- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई मंत्रिपरिषद की मैराथन बैठक में पहली बार केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों का 'रिपोर्ट कार्ड' जारी किया गया है। साल 2025 के लिए तैयार इस नई मूल्यांकन प्रणाली ने स्पष्ट कर दिया है कि काम में कोताही अब बर्दाश्त नहीं होगी। भारतीय नागरिकों के लिए इस सख्त कदम का सीधा मतलब है- सरकारी योजनाओं की तेज डिलीवरी, जन शिकायतों का त्वरित समाधान और टैक्सपेयर्स के पैसे की बर्बादी पर लगाम।नई मूल्यांकन प्रणाली: 2025 में कैसे तय हुई परफॉर्मेंस? कैबिनेट सचिवालय द्वारा तैयार किए गए इस नए असेसमेंट सिस्टम के तहत मंत्रालयों के प्रदर्शन की बारीकी से समीक्षा की गई। इस दौरान कैबिनेट सचिव टी.वी. सोमनाथन ने सभी मंत्रालयों का विस्तृत स्कोरकार्ड पेश किया। बैठक में नीति आयोग के सदस्य राजीव...